धनतेरस पर क्यों खरीदते हैं साबुत धनिया, जानें पर्व के इसके बीजों का क्या करें

Dhanteras 2026: पांच दिवसीय दीपोत्सव की शुरुआत धनतेरस से होती है। यह दिन मुख्य रूप से खरीदारी के लिए शुभ माना जाता है। ऐसी मान्यता है कि धनतेरस पर खरीदी गई चीजों में 13 गुणा वृद्धि होती है, इसलिए इस दिन लोग सोना-चांदी, आभूषण, बर्तन, वाहन, मकान, इलेक्ट्रॉनिक सामान और अन्य वस्तुएं खरीदते हैं। लेकिन क्या आप जानते हैं कि धनतेरस पर साबुत धनिया खरीदना सबसे शुभ माना जाता है? आइए जानते हैं कि धनतेरस पर धनिया खरीदने से क्या होता है और पर्व के बाद धनिया के बीजों का क्या करना चाहिए।

धनतेरस कब मनाया जाएगा?

खरीदारी से पहले यह जान लें कि पंचांग के अनुसार 2026 में धनतेरस का त्योहार शुक्रवार, 6 नवंबर 2026 को मनाया जाएगा। कार्तिक कृष्ण पक्ष की त्रयोदशी तिथि पर धनतेरस या धन त्रयोदशी मनाई जाएगी। इसी तिथि से पांच दिवसीय दीपोत्सव का शुभारंभ भी हो जाएगा।

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धनतेरस पर क्यों खरीदते हैं धनिया

मान्यता है कि धनतेरस पर खरीदारी करने और पूजा-पाठ करने से घर और जीवन में सुख-समृद्धि आती है। इसलिए इस दिन लोग अपने सामर्थ्यनुसार कुछ ना कुछ अवश्य खरीदते हैं। धनतेरस पर खरीदी जाने वाली कई वस्तुओं में साबुत धनिया भी शामिल है। इस दिन धनिया खरीदने के पीछे ऐसी मान्यता है कि, साबुत धनिया को धन, खुशहाली और समृद्धि से जोड़ा जाता है और मां लक्ष्मी को अर्पित भी किया जाता है। ‘धनिया’ शब्द में ‘धन’ समाहित है। जिस प्रकार एक छोटे से धनिया के बीज को यदि मिट्टी में मिला दिया जाए तो इससे हरा-भरा पौधा विकसित होता है, उसी प्रकार इसे जीवन में धन, धान्य, उन्नति और बरकत का प्रतीक माना जाता है। यही कारण है कि पुराने समय से ही धनतेरस पर धनिया खरीदने की मान्यता है।

धनतेरस पर खरीदे गए धनिया का क्या करें ?

  • आमतौर पर लोगों के मन में यह सवाल होता है कि धनतेरस पर धनिया खरीदने के बाद इसका क्या करना चाहिए। बता दें कि धनतेरस पर धनिया खरीदने के बाद इसे धनतेरस या दिवाली की पूजा में मां लक्ष्मी को अर्पित कर दें।
  • पूजा समाप्त होने के बाद अगले दिन धनिया के बीज को लाल या पीले रंग के कपड़े में बांधकर तिजोरी में रख सकते हैं। मान्यता है कि इससे धन का आवागमन बना रहता है।
  • कुछ परंपराओं में धनतरेस पर खरीदा गया और मां लक्ष्मी को अर्पित किया गया धनिया गुड़ के मिलाकर धनिया-गुड़ के प्रसाद के रूप में खाया और बांटा जाता है।
  • पर्व समाप्त होने के बाद धनिया को फेंकने के बजाय किसी गमले में मिट्टी में बो दें। इससे कुछ ही दिनों में हरा-भरा धनिया का पौधा हो जाएगा। मान्यता है कि जैसे-जैसे धनिया का पौधा बढ़ता है, वैसे-वैसे आर्थिक स्थिति में उन्नति होती है। लेकिन धनिया अंकुरित न हो या पीला पड़ जाए तो इसे आर्थिक मामलों में सावधानी का संकेत माना जाता है। यदि आप आर्थिक मामलों से जुड़ी किसी परेशानी का सामना कर रहे हैं और व्यक्तिगत समाधान पाना चाहते हैं तो ज्योतिषी से फ्री चैट कर परामर्श प्राप्त कर सकते हैं।

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Posted On - November 3, 2026 | Posted By - Astrotalk Team | Read By -

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